जब मैंने समय के भविष्य के बारे में लिखा था तो माना था की ,फैलते ब्रह्माण्ड में तो हमने प्रकाश की गति को नि़त पाया है किंतु सिकुड़ते ब्रह्माण्ड में चूँकि दिक्-काल भी सिकुरेगा अतएव प्रकाश की गति पर भी प्रभाव पड़ना चाहिए और इसीलिए समय की गति पर भी प्रभाव पड़ना चाहिए।
किंतु जहाँ तक मैं जानता हूँ अभी तक कोई निशित निष्कर्ष नही निकल पाया है की ब्रह्माण्ड का क्या होगा अताव तब तक के लिए मैंने अपने ब्लौग का शीर्षक "समय में यात्रा" रखा है ।
"समय में यात्रा" का मतलब हमारे इसी समय में हम भविष्य व भूतकाल में यात्रा करने में किस तरह से समर्थ हो पायंगे .